“ये कहानी है भोपाल के छोटे से मिठाई वाले सुरेश की, जिसने CSC की मदद से FSSAI लाइसेंस बनवाकर Zomato और Swiggy पर अपनी दुकान चमकाई। जानिए कैसे एक चॉकलेट बर्फी ने बनाया ऑनलाइन हिट!”
सुरेश का सपना: “मेरी मिठाइयाँ पहुंचें हर घर तक!”
सुरेश की “मिठास घर” दुकान 10 साल से चल रही थी। लेकिन कोरोना काल में ग्राहक कम हो गए। एक दिन एक कस्टमर ने कहा, “भैया, Zomato पर ऑर्डर करूं तो तुम्हारी मिठाई घर बैठे मिलेगी?” सुरेश ने ऐप डाउनलोड किया, लेकिन पता चला: बिना FSSAI लाइसेंस के ऑनलाइन बिक्री नहीं हो सकती! पत्नी ने टोका: “ये लाइसेंस क्या होता है? कहीं एजेंट से 5000 रुपए ठगवाओगे क्या?”
FSSAI लाइसेंस का राज़: CSC वाले राजू भैया ने खोला सीक्रेट
सुरेश ने गूगल पर “FSSAI लाइसेंस कैसे बने” सर्च किया। पता चला कि कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) पर ₹100-200 फीस में यह काम हो जाता है। अगले दिन वह CSC पहुंचा। वहां बैठे राजू भैया ने समझाया:
*”सुरेश भाई, FSSAI तीन तरह का होता है:
- बेसिक रजिस्ट्रेशन (सालाना टर्नओवर 12 लाख तक) – ₹100/साल
- स्टेट लाइसेंस (12 लाख से 20 करोड़ तक) – ₹2000/साल
- सेंट्रल लाइसेंस (20 करोड़ से ज्यादा) – ₹7500/साल*
तुम्हारा टर्नओवर कितना है?”*
सुरेश ने कैलकुलेट किया: “महीने का 80,000, सालाना 9.6 लाख।”
राजू भैया बोले: “फिर बेसिक रजिस्ट्रेशन कराओ। 2 दिन में लाइसेंस मिल जाएगा!”
कागजात की लिस्ट: ये 5 डॉक्यूमेंट चाहिए
राजू भैया ने बताई FSSAI के लिए जरूरी चीजें:
- आधार कार्ड (सुरेश का और दुकान के मालिक का)
- निवास प्रमाण – बिजली बिल या रेंट एग्रीमेंट
- दुकान का पता प्रूफ – मोबाइल बिल या GST रजिस्ट्रेशन (अगर हो)
- पासपोर्ट साइज फोटो
- स्वघोषणा पत्र (Declaration) – CSC पर ही बन जाएगा
“अगर दुकान रेंट पर है तो मकान मालिक का NOC लाना,” राजू भैया ने चेतावनी दी।
ऑनलाइन आवेदन: स्टेप बाय स्टेप प्रोसेस
- वेबसाइट ओपन करना: राजू ने FSSAI पोर्टल खोला और “Apply for License” पर क्लिक किया।
- रजिस्ट्रेशन टाइप: “बेसिक रजिस्ट्रेशन” चुना। फॉर्म में भरा:
- दुकान का नाम: “मिठास घर”
- पता: भोपाल का लोकल एरिया
- प्रोडक्ट कैटेगरी: “मिठाई और बेकरी आइटम्स”
- डॉक्यूमेंट अपलोड: आधार, एड्रेस प्रूफ, फोटो स्कैन किए।
- पेमेंट: ₹100 ऑनलाइन जमा किए।
- अनुमति का इंतजार: 48 घंटे में FSSAI नंबर (14 अंकों वाला) SMS आ गया!
“ये लो सुरेश भाई, तुम्हारा लाइसेंस!” – राजू ने प्रिंट निकालकर दिया।
Zomato/Swiggy पर ऑनबोर्डिंग: मिठाई पहुंची ग्राहकों तक
लाइसेंस मिलते ही सुरेश ने Zomato प्रोफाइल बनाने की प्रक्रिया शुरू की:
स्टेप 1: Zomato Partner एप डाउनलोड किया। “रजिस्टर अस रेस्टोरेंट” पर क्लिक किया।
स्टेप 2: डिटेल्स भरीं – दुकान का नाम, पता, FSSAI नंबर, बैंक अकाउंट डिटेल्स।
स्टेप 3: मेनू अपलोड किया – हर मिठाई की फोटो, वजन, कीमत (जैसे “काजू कतली – 250 ग्राम, ₹350”)।
स्टेप 4: Zomato टीम ने 24 घंटे में वेरिफिकेशन किया। दुकान लाइव हो गई!
Swiggy के लिए भी यही प्रक्रिया दोहराई।
सफलता का मीठा स्वाद: 3 महीने में क्या बदलाव आया?
- पहले: रोजाना ₹2000-3000 की बिक्री
- अब: Zomato/Swiggy से रोज ₹5000-7000 ऑर्डर!
- टॉप प्रोडक्ट: “इमरती स्पेशल” – महीने की 200 प्लेट बिकती हैं।
- रिव्यू: 4.5 स्टार रेटिंग, ग्राहकों ने लिखा: “घर जैसी मिठास!”
सुरेश ने अब एक डिलीवरी बॉय रखा और पैकिंग पर ₹10 प्रति बॉक्स खर्च करना शुरू किया।
छोटे व्यापारियों के लिए गोल्डन टिप्स
- FSSAI के बिना न चलें: ऑनलाइन प्लेटफॉर्म अटकाएंगे, गूगल पर रेटिंग भी नहीं मिलेगी।
- मेनू साफ दिखाएं: फोटो में वजन और सामग्री (जैसे “शुगर-फ्री”) लिखें।
- डिलीवरी टाइम पर ध्यान दें: Zomato 45 मिनट का टारगेट देता है, देरी से रेटिंग गिरेगी।
- कस्टमर कॉल्स का रिप्लाई जरूर दें: “थैंक यू” मैसेज भेजने से रिव्यू अच्छे आते हैं।
- प्राइस कंपिटिशन रखें: मार्केट रेट से 10% कम रखें, फिर धीरे-धीरे बढ़ाएं।
सुरेश की सीख: “डिजिटल दुनिया में मिठाई भी चमकती है!”
आज सुरेश की दुकान का टर्नओवर डबल हो गया है। उसने अपने गाँव के 3 और मिठाई वालों को Zomato पर रजिस्टर करवाया। “अगर CSC ने FSSAI का फंडा न बताया होता, तो आज भी मैं एजेंटों को पैसे दे रहा होता,” वह गर्व से कहता है।
तो फिर, अपने व्यवसाय को डिजिटल बनाने में देर न करें। CSC पर जाएँ, लाइसेंस बनवाएँ, और ऑनलाइन दुनिया में अपनी मिठास बिखेरें! 🍬
“कदम तो डिजिटल की ओर बढ़ाओ, सरकारी योजनाओं का फायदा उठाओ!” – सुरेश, मिठास घर